अर्ज करता हूँ पाकिस्तानियो के लिए दो लाइनें... गीले चावल में थोड़ी शक्कर क्या गिरी, वो भिखारी खीर समझ बैठे। चंद कुत्तों ने पाकिस्तान जिन्दाबाद क्या बोला, वो कश्मीर को अपनी जागीर समझ बैठे। 🇮🇳मातृभूमी तेरी सदैव जय हो🇮🇳
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