Back to feed
V
Vivaan Gupta Social · Hindi · Social

पलके भी कंप जाती हे जब निंदो मै हमारी, के अब पलको पे खूवाब छूपने नही आते, अब इतना भी याद ना आ के रूह सौ ना सके, के इन बे परदा आँखो का सबब पूछ ने लगे हूँ,लोग यहाँ...।। 💓❣️💓❣️💓❣️💓❣️💓❣️❣️💓💓❣️❣️💓💓

140 likes 4 shares
WhatsApp