A Aditya Joshi Love · Marathi · Romantic सपना हैं आँखों में मगर नींद नहीं है; दिल तो है जिस्म में मगर धड़कन नहीं है; कैसे बयाँ करें हम अपना हाल-ए-दिल; जी तो रहें हैं मगर ये ज़िंदगी नहीं है। lovepremromantic 0 likes 0 shares WhatsApp Copy